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जग्गा डाकू का पहला सबक

मेदिनीधर के बड़े भाई थे, वंशीधर. वंशीधर भाई पढ़ने में बहुत होशियार थे. न जाने कब उन्हें उपन्यास पढ़ने की…

8 years ago

उत्तराखण्ड की एक बीहड़ यात्रा की याद – 2

इस ट्रैवलाग ने एलानिया कहानी बनने की तरफ पहला गोता मार दिया है. लेकिन मैं इसे पूरी ताकत लगाकर कहानी…

8 years ago

लेकिन राम आडवाणी अब कहां मिलेंगे? किताबें तो कोई भी बेच लेगा

हम उन्हें राम भाई कहते थे. “राम भाई,” मई 2011 में एक दिन मैंने उन्हें फोन किया था- “साबरी ब्रदर्स…

8 years ago

कहां से आती हैं परियां?

अच्छा दोस्तो, पहले यह बताओ- क्या तुमने कभी कोई परी देखी? नहीं? लेकिन, मैंने देखी है! चौंक गए ना? जब…

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काफल पाक्यो, मील नी चाख्यो

इन दिनों जब घाम थोड़ा सा गुनगुना हो जाता है. बर्फ पहाड़ों से उतर कर गधेरों में भर जाती है.…

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बारह बरस बाद कुरिंजी की बहार

दक्षिण भारत में बारह वर्ष बाद फिर बहार के दिन आ गए हैं. पश्चिमी घाट की ऊंची पहाड़ियों पर प्रकृति…

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दर्शनशास्त्र, फुटबॉल और कामू के फटे जूते

2014 के पिछले वर्ल्ड कप में दक्षिण कोरिया और जर्मनी के खिलाफ जिस तरह का खेल अल्जीरिया ने दिखाया था,…

8 years ago

जब पेले का खेल देखने को युद्धविराम हुआ

फ़ुटबॉल के इतिहास के महानतम खिलाड़ी माने जाने वाले पेले की तारीफ़ करते हुए हॉलैण्ड के पूर्व खिलाड़ी और कोच…

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जिसने 42 साल की उम्र में किया वर्ल्ड कप में गोल

फुटबॉल के लिए उस तरह का क्रेज़ न रखने वाले हमारे अपने देश के अखबारों तक ने उस साल अपने…

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दारमा घाटी के तितियाल बंधुओं की कथा

दो-एक दशक पहले तक मुख्य सड़क धारचूला से तवाघाट तक जाया करती थी. तवाघाट में मिलने वाली धौलीगंगा और कालीगंगा…

8 years ago