डीडीहाट के सौगांव की कहानी
हर गांव के बसने की एक कहानी होती है. उत्तराखंड में भी बहुत से ऐसे गांव हैं जो पिछले दस-एक दशकों पूर्व ही बसे हैं. पिथौरागढ़ जिले में डीडीहाट क्षेत्र में एक गांव है सौगांव. सेलकुड़ीधार से तड़केश... Read more
हल्द्वानी में सेब के पेड़ पर फल लगना विशेषज्ञों के लिए शोध का विषय हो सकता है
सेब ने अब हल्द्वानी जैसे भाबरी क्षेत्र में भी अपनी दस्तक दे दी है. हल्द्वानी में अधिकतम तापमान गर्मियों में लगभग 40 डिग्री तक पहुँच जाता है. इतने गर्म तापमान वाली जगह पर सेब के पेड़ पर फल लग... Read more
जाने कहाँ से आ टपका ये काला धन
कुबेर आजकल बड़ी चिंता में हैं. उनका एक पुत्र कुपुत्र हो गया है. लोग बड़ी मोटी-मोटी गालियाँ देने लगे हैं उसे और `लॉ ऑफ इम्पार्टिंग कल्चर टू योर ऑफस्प्रिंग्स’ की मानक भारतीय परम्परा के अनुसार... Read more
दरियागंज का ऐतिहासिक किताब बाजार बंद
दिल्ली में किताबों के क़रीब जाने का सबसे अच्छा तरीक़ा होता था दरियागंज के फुटपाथ में रविवार को लगने वाला पुस्तक बाज़ार. थोड़ी सी मसक्कत और छानबीन के बाद आपको वो किताब नजर आ ही जाती थी जिसकी... Read more
असल कुमाऊनी भाषा का जायका
मनोहर श्याम जोशी के उपन्यास ‘कसप’ में नायिका बेबी कई बार अपने प्रेमी नायक डी डी उर्फ़ देबिया टैक्सी को “लाटा” कहकर बुलाती है. लाटा का शाब्दिक अर्थ हुआ गूंगा. लेकिन यहाँ बेबी द्वारा कहा गया “... Read more
श्रीनगर से लगभग 14 किमी दूर कलियासौड़ में सिद्धपीठ मां धारी देवी का मंदिर है. धारी देवी का मंदिर मां काली को समर्पित है. इस मंदिर की मुख्य विशेषता मां काली की शांत मुद्रा वाली मूर्ति है. लोक... Read more
फन फैलाये पौधा जिसे देख बच्चे जाते हैं डर
पहाड़ की सैर पर आने वाले पर्यटकों को अक्सर ही पौधा जब नजर आता है उनके चेहरे के हावभाव देखने लायक होते हैं, इस पौधे को देखते ही उन्हें कंपकपी सी छूट जाती है. आम बोलचाल की भाषा में हम इसे सांप... Read more
उत्तराखंड नाम सुनते ही लोगों के दिमाग में एक इमेज उभरकर आती है और वह है चार धाम. हमने उत्तराखंड को एक इमेज में बांध दिया है. खासकर 2013 की आपदा के बाद बाहरी लोग उत्तराखंड को केदारनाथ की वजह... Read more
दा, उसे घुघुती मिल गई होगी
दूर पहाड़ के अपने गांव से पढ़ने के लिए मैं शहर नैनीताल चला गया था लेकिन मन में बसा गांव और बचपन के वे संगी-साथी भी मन में मेरे साथ ही चले आए थे. चले आए थे तो रह-रह कर मुझे गांव की, बचपन की ब... Read more
2019 में जागेश्वर धाम में श्रावणी मेला 17 जुलाई को शुरु हुआ था. यह मेला सावन के पूरे महीने चलता है जिसमें बहुत दूर-दूर से श्रद्धालु शामिल होते हैं.(Almora Jageshwar Savan Mela) अल्मोड़ा शहर... Read more



























