घर वाली दीपावली और निबंध वाली दीपावली

7 years ago

हमारी शिक्षा की गोभी सबसे पहले हमारी स्कूली शिक्षा से खुदती है. स्कूल में पढाई 80 प्रतिशत व्याहारिक बातें गलत…

पीहू की कहानियाँ – 2

7 years ago

जब लगा कि अब पीहू नहीं बन सकती ... कहानी और पीहू दोनों मिल चुकी थी. प्रोड्यूसर मिलना बाक़ी था.…

लौंडे-लबारों की बरात में सयाने बूढ़े की होशियारी

7 years ago

छी भै ये बूढ़े लोग भी न, बहुत तंग कर देते हैं. जब कुछ काम नहीं कर सकते तो आराम…

प्रेम पिता का दिखाई नहीं देता

7 years ago

  चन्द्रकान्त देवताले 7 नवंबर 1936 को जौलखेड़ा, बैतूल (मध्य प्रदेश) में जन्मे चन्द्रकांत देवताले समकालीन हिन्दी कविता के सबसे…

विषय से ज्यादा कठिन शिक्षक

7 years ago

गणित से लड़के दूर- दूर भागते थे. इस पर अफसोस इस बात का था कि, भविष्य के बेहतर मौके, केवल…

इतने विशाल हिंदी समाज में सिर्फ डेढ़ यार : नौवीं क़िस्त

7 years ago

अनुवाद पढ़कर बनता है गंभीर और स्थायी पाठक भारत जैसे महादेश में जितनी भाषाएं बोली जाती हैं, उन्हें देखते हुए…

नैनीताल के तीन नौजवानों की फाकामस्त विश्वयात्रा – 4

7 years ago

डमास्कस में किस्मत के सितारे आज कुछ बुलंद लग रहे थे. लिफ्ट के लिए हमें इंतजार नहीं करना पड़ा. 25'०००…

कुमाऊनी लोकोक्तियाँ – 14

7 years ago

पिथौरागढ़ में रहने वाले बसंत कुमार भट्ट सत्तर और अस्सी के दशक में राष्ट्रीय समाचारपत्रों में ऋतुराज के उपनाम से…

हमें अदाएँ दीवाली की ज़ोर भाती हैं

7 years ago

आज से कोई तीन सौ बरस पहले आगरे में एक बड़े शायर हुए नज़ीर अकबराबादी. नज़ीर अकबराबादी साहब (1740-1830) उर्दू…

अंतर देस इ उर्फ़… शेष कुशल है! भाग – 5

7 years ago

गुडी गुडी डेज़ अमित श्रीवास्तव हीरामन उवाच ‘गुडी गुडी मुहल्ले की निवर्तमान सामाजिकी चार आप्त वाक्यों से मिलकर बनी थी,'…